आध्यात्म

Surya Rashi Parivartan 2020: तुला में सूर्य वृषभ, मिथुन, सिंह, कन्‍या, धनु व मकर राशि में दिखाएंगे कमाल, जानें आप पर इसका असर

: सूर्य का तुला में परिवर्तन कब है (When does the sun change to Libra in 2020)

: सूर्य तुला में कब तक रहेंगे (How long will the sun be in Libra)

: सभी 12 राशियों पर इसका क्या प्रभाव रहेगा (What will be the effect on all the 12 zodiac signs?)

: सूर्य के परिवर्तन से समस्या पैदा होने पर कौन से उपाय कारगर रहेंगे (What measures will work if the sun changes due to problems )

: सूर्य के परिवर्तन से किन राशियों को फायदा होगा (Which zodiac signs will benefit from the change of sun)

इस बार 17 अक्टूबर, शनिवार से नवरात्रि का भी आरंभ हो रहा है। वहीं इसी दिन सूर्य तुला राशि में प्रवेश भी करने वाले हैं। अधिकमास यानि पुरुषोत्तम मास की समाप्ति के बाद यह पहला ग्रह होगा जो राशि बदलेगा। सनातन धर्म में जब भी सूर्य का राशि परिवर्तन होता है, उसे संक्रांति के रूप में जाना जाता है। इसके बाद सूर्य 16 नवंबर को प्रात: 6 बजकर 39 मिनट तक तुला राशि में ही रहेंगे। जिसका सभी राशियों पर असर होगा। इनमें 6 राशियों पर इसका बहुत शुभ प्रभाव पड़ेगा।

पंडित सुनील शर्मा के अनुसार ग्रहों के राजा व आत्मा के कारक सूर्य ग्रह आगामी 17 अक्टूबर, 2020 को प्रात: 07 बजकर 02 मिनट पर कन्या राशि से निकलकर तुला राशि में प्रवेश करने जा रहे हैं। सूर्य को इस ब्रह्मांड के प्राण के तौर पर देखा जाता है जो प्रकृति की हर रचना को ऊर्जा प्रदान करते हैं। ध्यान रहे मेष राशि में सूर्य को उच्च का और तुला राशि में नीच का माना जाता है।

आपकी राशि में इस परिवर्तन का असर What will be the effect on all the 12 zodiac signs : यहां देखें

01. मेष राशि

इस दौरान सूर्य आपकी राशि से सप्तम भाव में रहेंगे। इस भाव को विवाह भाव भी कहते हैं। इसके चलते मेष राशि के जातक इस गोचर के दौआरन वैवाहिक जीवन में कुछ परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है। साथ व्यापार या जॉब में भी कुछ परेशानियां आपको घेर सकती हैं।

उपाय- अपने दाहिने हाथ की अनामिका अंगुली में तांबे या सोने की अंगूठी में रूबी रत्न धारण करें, लेकिन किसी जानकार से सलाह लेने के बाद ही।

02. वृषभ राशि

इस दौरान सूर्य आपकी राशि से 6ठें भाव में रहेंगे। इस भाव को शत्रु व रोग भाव भी कहते हैं। ऐसे में इस राशि के लोगों को कारोबार या पार्टनरशिप में बहुत फायदा हो सकता है। परिवार में समय अच्‍छा बितेगा। शत्रु आपसे परास्‍त होंगे। आपका साहस बढ़ेगा। नौकरी में नए दायित्‍व मिल सकते हैं। आय के नए रास्‍ते खुल सकते हैं।

उपाय- प्रति दिन सूर्योदय के समय सूर्य नमस्कार करें।

03. मिथुन राशि

इस दौरान सूर्य आपकी राशि से पांचवे भाव में रहेंगे। इस भाव को पुत्र व बुद्धि भाव भी कहते हैं। सूर्य का यह राशि परिवर्तन मिथुन राशि के लोगों के लिए बहुत लाभकारी साबित हो सकता है। इसी गोचर काल में आपके परिवार में चली आ रही समस्‍याओं का भी समाधान होगा। आपकी बात हर व्‍यक्ति ध्‍यान से सुनेगा। आपके जीवन में लंबे समय से चले आ रहे रोग से तो आपको निजात मिलेगी ही, साथ ही सांपत्तिक मामलों में भी आपके पक्ष में निर्णय आने के योग हैं।

उपाय- रविवार के दिन तांबे का दान करें।

04. कर्क राशि

इस दौरान सूर्य आपकी राशि से चौथे भाव में रहेंगे। इस भाव को सुख व माता का भाव भी कहते हैं। कर्क राशि के जातक सूर्य गोचर की पूरी आवधि के दौरान मानसिक रूप से परेशान रह सकते हैं… वे लोग जो अपनी नौकरी बदलने की कोशिश में लगे हैं उनके लिए यह समय लाभकारी सिद्ध हो सकता है।

उपाय- हर रोज राम रक्षा स्तोत्र का पाठ करें।

05. सिंह राशि

इस दौरान सूर्य आपकी राशि से तीसरे भाव में रहेंगे। इस भाव को पराक्रम व छोटे भाई बहनों का भाव भी कहते हैं। सूर्य का राशि परिवर्तन सिंह राशि के लिए शुभ है। रुका हुआ धन मिलेगा। कार्यक्षेत्र में आपका वर्चस्‍व एवं सम्‍मान बढ़ सकता है। यदि आपका प्रापर्टी से जुड़ा कोई प्रकरण चल रहा है तो उसमें आपको सफलता मिलेगी। आर्थिक उन्‍नति के भी योग हैं।

उपाय- सोने या तांबे में जड़ित स्टार रूबी रत्न (5-6 कैरेट) पहनें, लेकिन किसी जानकार से सलाह लेने के बाद ही।

06. कन्‍या राशि

इस समय सूर्य आपकी राशि से दूसरे भाव में रहेंगे। इस भाव को धन भाव भी कहते हैं। कन्‍या राशि के लोगों को धन लाभ होता दिख रहा है। इस अवधि में आपके अधूरे कार्य पूरे होंगे। कार्यालय में अधिकारियों का सहयोग मिलेगा। परिवार में सब ठीक रहेगा। पर्यटन की योजना बन सकती है।

उपाय- सूर्य की उपासना करते हुए आदित्य हृदय स्तोत्र का पाठ करें।

07. तुला राशि

इस दौरान सूर्य आपकी ही राशि यानि लग्न रहेंगे। इस भाव को स्वयं भाव भी कहते हैं। सूर्य के आपकी राशि में गोचर करने की वजह से आपको कुछ मानसिक तनाव और शत्रु भय का सामना करना पड़ सकता है… आपको अपने धन का व्यय पूरी समझदारी के साथ करने की सलाह दी जाती है। आपको विवाहित जीवन में भी कुछ परेशानियां देखने को मिल सकती है।

उपाय- प्रतिदिन 108 बार गायत्री मंत्र का जाप करें।

08. वृश्चिक राशि

इस दौरान सूर्य आपकी राशि से 12वें भाव में रहेंगे। इस भाव को व्यय भाव भी कहते हैं। वृश्चिक राशि के जातक इस दौरान अपने खर्चों से परेशान रह सकते हैं… जिसके परिणामस्वरूप आपका आर्थिक पक्ष काफी हद तक कमजोर होने लगेगा। साथ ही धन हानि की भी प्रबल संभावना नजर आ रही है।

उपाय- सूर्य देव की उपासना में सूर्य अष्टकम का पाठ करें।

09. धनु राशि

इस दौरान सूर्य आपकी राशि से 11वें भाव में रहेंगे। इस भाव को आय भाव भी कहते हैं। गोचर काल में आपकी स्थिति सुधरेगी। धन की प्राप्ति होगी। दोस्‍तों के साथ समय व्‍यतीत कर सकेंगे। लंबे समय से चली आ रही समस्‍याओं का अंत होगा।

उपाय- रविवार के दिन गाय को गुड़ खिलाएं।

10. मकर राशि

इस दौरान सूर्य आपकी राशि से दसवें भाव में रहेंगे। इस भाव को कर्म व पिता का भाव भी कहते हैं। मकर राशि के जातकों के लिए सूर्य का राशि परिवर्तन मंगलकारी परिणाम देगा। इस अवधि में आपके भीतर नई ऊर्जा पनपेगी। आय के स्‍त्रोत खुलेंगे। जमीन एवं वाहन खरीदने का यह शुभ समय है। मित्रों से सहायता प्राप्‍त होगी।

उपाय- घर की उत्तर-पूर्व दिशा में सूर्य देव की तस्वीर लगाएं, और हर रोज उन्हें धूप—दीप दिखाएं।

11. कुंभ राशि

इस दौरान सूर्य आपकी राशि से नवें भाव में रहेंगे। इस भाव को भाग्य भाव भी कहते हैं। सूर्य के तुला राशि में रहते हुए आपको यात्रा ना करने की हिदायत दी जाती है… खसकर अगर यह यात्रा जॉब या बिजनेस से संबंधित है तो इसे पूरी तरह टालने का ही प्रयास करें। ऑफिस में आपके सीनियर्स आपसे नाराज रह सकते हैं… अपनी गतिविधियों पर नियंत्रण रखें।

उपाय- भगवान सूर्य की सोने की परत वाले पैंडेंट के साथ सोने की चेन पहनने।

12.मीन राशि

इस दौरान सूर्य आपकी राशि से आठवें भाव में रहेंगे। इस भाव को आयु भाव भी कहते हैं। सूर्य के तुला राशि में गोचर होने से आपको संभलकर रहने की सलाह दी जारी है… अगर आप लोन या उधार लेने का मूड बना रहे हैं, तो या तो उसे 17 अक्टूबर से पहले लें या बाद में।

उपाय- किसी जरुरी काम पर जाने से पहले पिता या पितातुल्य लोगों का आशीर्वाद लें।

Show More

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button