ग्वालियर
मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की ग्वालियर बेंच ने प्रधानमंत्री आवास योजना के मामले में सूबे की शिवराज सरकार को नोटिस जारी किया है. यह नोटिस एक जनहित याचिका पर दायर किए गए हैं. इस नोटिस में कहा गया था कि मध्य प्रदेश सरकार के आवास विकास विभाग द्वारा विभागीय परियोजनाओं पर प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री के चित्र वाली टाइल्स लगाएं गए हैं. इस पर कोर्ट ने भी माना है कि जनता से दिए गए टैक्स से संचालित किसी योजना को व्यक्ति विशेष के प्रचार-प्रसार का साधन नहीं होना चाहिए. याचिकाकर्ता ने सरकार के इस कृत्य को असंवैधानिक बताते हुए याचिका हाईकोर्ट में दायर की थी.

इस याचिका पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने आवास-विकास विभाग के संचालक और राज्य सरकार को नोटिस जारी किए हैं. पक्षकारों को 4 सप्ताह के भीतर अपना जवाब पेश करना है. इस मामले में अगली सुनवाई 13 अगस्त को होगी. दरअसल ग्रामीण क्षेत्र की आवासीय परियोजना के लिए आवास के मुख्य द्वारा पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के चित्र वाली टाइल्स को लगाया जा रहा है. खास बात यह है कि इसके लिए आवास-विकास विभाग ने पिछले महीने स्थानीय प्रशासन को पत्र भी लिखा है. याचिकाकर्ता का मानना है कि प्रधानमंत्री अथवा मुख्यमंत्री के नाम से संचालित किसी विकास परियोजना में मौजूदा व्यक्ति विशेष का चित्र नहीं  होना चाहिए.

Source : Agency