बेंगलुरु 
कर्नाटक विधानसभा चुनाव के मद्देनजर कांग्रेस ने रविवार को 218 विधानसभा क्षेत्रों में अपने प्रत्याशियों का ऐलान कर दिया। हालांकि, उम्मीदवार घोषित होने के बाद कांग्रेस के अंदरूनी खेमे में टिकट के बंटवारे को लेकर बवाल शुरू हो गया। इस पर कर्नाटक कांग्रेस के नेता के. रहमान खान ने कहा कि यदि आलाकमान ने राज्य नेतृत्व को लेकर कोई ऐक्शन नहीं लिया तो पार्टी को शिकस्त झेलनी पड़ सकती है।

कर्नाटक कांग्रेस के नेता के रहमान खान ने कहा, 'राज्य का नेतृत्व कर रहे नेताओं के अंदर सबको साथ लेकर चलने का गुण नहीं है। नए लोगों को जिम्मेदारियां दी गई हैं, जो यह भी नहीं जानते कि वरिष्ठ लोगों से कैसा बर्ताव करना है। यदि आलाकमान राज्य नेतृत्व द्वारा किए जा रहे कार्यों में दखल नहीं देता है तो हो सकता है कि पार्टी को शिकस्त का सामना करना पड़े।' 

कांग्रेस नेताओं की उपेक्षा का लगाया आरोप 
यही नहीं, केआर खान ने यह भी कहा, 'यह हमारी पार्टी की हकीकत है। हमारे मुख्यमंत्री (सिद्धारमैया), जो लोग जनता दल सेक्युलर (जेडीएस) से आते उन्हें ज्यादा तरजीह देते हैं। ऐसा लगता है कि उनका कांग्रेस के नेताओं से कोई लेना-देना ही नहीं है।' 

टिकट बंटवारे को लेकर कार्यकर्ताओं ने किया बवाल 
बता दें कि राज्य के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया चामुंडेश्वरी सीट से चुनाव लड़ेंगे। यही नहीं, सिद्धारमैया के बेटे यतींद्र को वरुणा विधानसभा सीट से टिकट मिला है। कांग्रेस के उम्मीदवारों की लिस्ट जारी करने के बाद से पार्टी नेता और कार्यकर्ताओं ने जमकर हंगामा किया। इसके इतर कर्नाटक के मांड्या में पार्टी कार्यालय में तोड़फोड़ शुरू हो गई। 

12 मई को चुनाव, 15 मई को नतीजे 
दरअसल, कर्नाटक में विधानसभा की 224 सीटों पर एक चरण में 12 मई को मतदान होगा और वोटों की गिनती 15 मई को की जाएगी। वर्तमान में राज्य की कमान सत्तारूढ़ कांग्रेस के पास 122 सीटें हैं जबकि बीजेपी के पास 43 और जेडीएस के पास 37 सीटें हैं। 
 

Source : Agency