नई दिल्ली

पंजाब नैशनन बैंक (पी.एन.बी.) घोटाला मामले के आरोपी नीरव मोदी और मेहुल चौकसी के खिलाफ इंटरपोल जल्द ही रेड कॉर्नर नोटिस (RCN) जारी कर सकता है।  

प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने इंटरपोल से इन दोनों के खिलाफ इंटरपोल नोटिस जारी करने का अनुरोध किया है। अब इंटरपोल अगले 10 दिन में रेड कॉर्नर नोटिस जारी कर सकता है।

 
गौरतलब है कि नीरव और चोकसी पी.एन.बी. में एल.ओ.यू. के द्वारा 12,600 करोड़ रुपए से ज्यादा का घोटाला करने के आरोपी हैं। पी.एन.बी. का एल.ओ.यू. हासिल कर दोनों की कंपनियां भारतीय बैंकों की विदेशी शाखाओं से लोन हासिल करती थीं।

रेड कॉर्नर नोटिस किसे कहते हैं?
यह नोटिस वांछित अपराधियों की गिरफ्तारी या उनके प्रत्यर्पण को हासिल करने के लिए जारी किया जाता है। रेड कॉर्नर नोटिस एक ऐसे व्यक्ति को ढूंढने और उसे अस्थायी रूप से गिरफ्तार करने का अनुरोध है जिसे आपराधिक मामले में दोषी ठहराया गया है। सिर्फ रेड कॉर्नर नोटिस जारी होने का मतलब यह नहीं है कि व्यक्ति दोषी है, उसे अदालत द्वारा दोषी ठहराया जाना चाहिए। इस प्रकार का नोटिस एक सदस्य देश के अनुरोध पर प्रधान सचिवालय द्वारा किसी अपराधी के खिलाफ सदस्य देश द्वारा गिरफ़्तारी वारंट के आधार पर जारी किया जा सकता है। रेड कॉर्नर नोटिस एक अंतर्राष्ट्रीय गिरफ्तारी वारंट नहीं है।  

Source : Agency