लखनऊ 

गोरखपुर और फूलपुर के लोकसभा उपचुनाव में बुरी तरह पिछड़ने के बाद बीजेपी ने हार मान ली है। अपने इस्तीफे से खाली हुई फूलपुर लोकसभा सीट पर जीत दिलाने में असफल रहे यूपी के डेप्युटी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने एक तरह से हार स्वीकारते हुए कहा, 'हमें उम्मीद नहीं थी कि बीएसपी का वोट इस तरह से एसपी की तरफ ट्रांसफर हो जाएगा।' केशव प्रसाद ने कहा, 'आखिरी नतीजे के बाद हम विश्लेषण करेंगे और हम ऐसी परिस्थितियों के लिए भी तैयारी करेंगे, जबकि एसपी-बीएसपी और कांग्रेस साथ मिलकर लड़ सकते हैं।'
 

मौर्य ने कहा कि हम 2019 के आम चुनाव की तैयारियां तीनों दलों के साथ आने की संभावनाओं को ध्यान में रखते हुए करेंगे। इससे पहले शुरुआती रुझानों में बीजेपी के पिछड़ने पर केशव प्रसाद मौर्य ने कम मतदान को इसके लिए जिम्मेदार करार देते हुए कहा था कि ऐसा लगता है कि बीजेपी की मानसिकता वाला वोटर घर से बाहर नहीं निकला। 

गौरतलब है कि बीजेपी ने फूलपुर में कौशलेंद्र पटेल को अपना उम्मीदवार बनाया था। वहीं, गोरखपुर में योगी आदित्यनाथ के करीबी उपेंद्र शुक्ला को सत्ताधारी दल ने मौका दिया था। वाराणसी के मेयर रहे कौशलेंद्र पटेल को भी सीएम योगी आदित्यनाथ का करीबी माना जाता रहा है। फूलपुर में कुर्मी मतदाताओं की अच्छी संख्या को देखते हुए बीजेपी ने पटेल को उम्मीदवार बनाया था, जबकि एसपी-बीएसपी ने भी इसी समुदाय के नागेंद्र पटेल को मौका दिया। 

Source : Agency